- September 21, 2026
- Posted by: Ek Yojana
- Categories: Jammu and Kashmir, Latest Govt Schemes
जम्मू-कश्मीर में लागू सार्वभौमिक स्वास्थ्य बीमा व्यवस्था है। इसके तहत जम्मू-कश्मीर के सभी परिवारों को ₹5 लाख तक का मुफ्त स्वास्थ्य बीमा कवर उपलब्ध कराया गया है। योजना का उद्देश्य गंभीर बीमारियों और अस्पताल में भर्ती होने की स्थिति में परिवारों के जेब से होने वाले इलाज के खर्च को कम करना है। जम्मू-कश्मीर सरकार के अनुसार, योजना के तहत अब तक लाखों मुफ्त उपचार उपलब्ध कराए जा चुके हैं।
योजना के प्रमुख लाभ
- प्रत्येक पात्र परिवार को ₹5 लाख तक का स्वास्थ्य बीमा कवर।
- अस्पताल में भर्ती होने वाले निर्धारित उपचारों के लिए कैशलेस इलाज की सुविधा।
- जम्मू-कश्मीर के सरकारी तथा योजना से जुड़े सूचीबद्ध अस्पतालों में उपचार।
- गंभीर बीमारियों और महंगे इलाज के खर्च में आर्थिक सुरक्षा।
- योजना का लाभ लेने के लिए परिवार को अलग से बीमा प्रीमियम देने की आवश्यकता नहीं है।
कौन ले सकता है लाभ?
JK-UT प्रशासन ने सभी परिवारों को इस योजना के दायरे में शामिल किया है। इसमें सरकारी कर्मचारी और पेंशनर परिवार भी शामिल हैं। जम्मू-कश्मीर सरकार के एक आधिकारिक आदेश में स्पष्ट किया गया है कि सभी परिवारों को AB-PMJAY SEHAT के तहत ₹5 लाख का मुफ्त मेडिकल इंश्योरेंस कवर दिया गया है।
इलाज कैसे मिलेगा?
लाभार्थी को Ayushman Card/SEHAT कार्ड के माध्यम से सूचीबद्ध अस्पताल में योजना के तहत उपचार प्राप्त किया जा सकता है। अस्पताल में कार्ड और पहचान संबंधी जानकारी के सत्यापन के बाद पात्र उपचार कैशलेस तरीके से उपलब्ध कराया जाता है।
कौन-कौन से इलाज कवर होते हैं?
योजना के तहत विभिन्न चिकित्सा एवं सर्जिकल उपचारों को निर्धारित पैकेज के अनुसार कवर किया जाता है। इसमें अस्पताल में भर्ती और गंभीर बीमारियों से जुड़े अनेक उपचार शामिल हैं। हालांकि, हर बीमारी या हर मेडिकल खर्च अपने आप कवर नहीं होता; इलाज की पात्रता संबंधित पैकेज और योजना के नियमों पर निर्भर करती है।
जरूरी दस्तावेज
SEHAT का लाभ लेने के लिए सामान्य तौर पर:
- आधार कार्ड
- SEHAT/Ayushman कार्ड
- मोबाइल नंबर
- परिवार संबंधी विवरण
- अस्पताल द्वारा मांगे गए पहचान संबंधी दस्तावेज
की आवश्यकता हो सकती है।
सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए खास नियम
जम्मू-कश्मीर प्रशासन के अनुसार, कुछ पात्र सरकारी कर्मचारी और पेंशनर AB-PMJAY SEHAT या CGHS में से निर्धारित नियमों के अनुसार विकल्प चुन सकते हैं। दोनों सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं से एक साथ चिकित्सा लाभ लेने की अनुमति नहीं है। CGHS चुनने वाले संबंधित पेंशनरों को अपना SEHAT/Ayushman कार्ड निष्क्रिय कराने और आवश्यक NOC लेने की प्रक्रिया पूरी करनी होती है।
योजना का महत्व
JK Sehat योजना जम्मू-कश्मीर में परिवारों को बड़े चिकित्सा खर्च से वित्तीय सुरक्षा देने के लिए महत्वपूर्ण स्वास्थ्य कवरेज प्रदान करती है। जम्मू-कश्मीर सरकार के 2025 के आधिकारिक वक्तव्य के अनुसार, 15.35 लाख मुफ्त उपचार इस योजना के तहत दिए जा चुके थे और इससे मरीजों के लगभग ₹2,765 करोड़ के आउट-ऑफ-पॉकेट खर्च की बचत हुई थी।